अमेरिकाने पाकिस्तानको बिना भेदभावके आतंकियोंके विरुद्ध कार्रवाई करनेकी सलाह दी


जून ७, २०१८

अमेरिकी विदेश मन्त्री माइक पोम्पियोने गुरुवारको (७ जून) कहा कि पाकिस्तानी सेना प्रमुख, कमर जावेद बाजवा, बिना किसी भेदभावके आतंकवादी समूहोंके विरुद्ध कार्रवाई करे ! दोनों देशोंद्वारा एक-दूसरेके राजनयिकोंपर यात्रा प्रतिबन्ध लगाए जानेके बादसे दोनों पक्षोंके मध्य पहली बार उच्चस्तरीय वार्ता हुई है । उनके प्रवक्ताने बताया कि पोम्पियोने बाजवासे चलभाषपर वार्ता की । विदेश मन्त्रालयके प्रवक्ता हीथर नौअर्टने कहा, ‘‘उन्होंने अमेरिका-पाकिस्तान द्विपक्षीय सम्बन्धोंको आगे बढानेके उपाय, अफगानिस्तानमें राजनैतिक सुलहकी आवश्यकता और बिना किसी भेदभावके दक्षिण एशियामें सभी आतंकवादियों और आतंकवादी समूहोंको लक्ष्य बनानेके महत्वपर वार्ता की ।’’

राष्ट्रपति ट्रम्पने पद सम्भालनेके बादसे इस्लामाबादकी आलोचना तेज कर दी
अमेरिका और अन्य देश लम्बे समयसे इस बात की शिकायत करते रहे हैं कि पाकिस्तान ,अफगान,  तालिबान और उसके सहयोगियों, हक्कानी नेटवर्कको संरक्षण देता है और अफगानिस्तानमें सीमा पारसे आक्रमण करनेकी अनुमति देता है । पाकिस्तान इन आक्षेपोंका खण्डन करता है; लेकिन राष्ट्रपति ट्रम्पने पद सम्भाले के बादसे इस्लामाबादकी आलोचना तेज कर दी है ।

पाकिस्तानने गत माह अपने देशमें रह रहे अमेरिकी राजनयिकोंपर यात्रा पाबन्दी लगा दी थी ! यह पाबन्दी उसी दिन लगाई गई थी, जब अमेरिकाने वाशिंगटन स्थित पाकिस्तानी दूतावासमें कार्य करने वाले राजनयिकोंके नगरके २५ मीलकी परिधिके बाहर बिना आज्ञाके यात्रा करनेपर रोक लगा दी थी !

पाकिस्तानके माध्यमसे अफगानिस्तानको रसद एवं सैन्य सामग्रीकी आपूर्ति नहीं रुकी
वहीं दूसरी ओर अमेरिकीने कहा है कि पाकिस्तानके माध्यमसे अफगानिस्तानको खाद्य एवं अन्य आवश्यक सैन्य सामग्री ले जानेके थल मार्गको बाधित नहीं किया है । अमेरिकी रक्षा विभागके मुख्यालय पेंटागनने यह सूचना दी । ‘ज्वॉइंट स्टाफ डायरेक्टर लेफ्टिनेंट जनरल’, केनेथ एफ मैककेंजीने एक संवाददाता सम्मेलन में बताया, ‘‘उन्होंने (पाकिस्तानने) दक्षिणसे खाद्य एवं सैन्य सामग्रीले जानेके लिए थल मार्ग या पश्चिम पाकिस्तानके ऊपरसे हवाई मार्गसे इनकी आपूर्ति बन्द करनेके लिये कुछ नहीं किया है ।’’
मैककेंजी, पाकिस्तानके विदेश मन्त्रीके उस साक्षात्कारपर प्रतिक्रिया दे रहे थे, जिसमें उन्होंने (पाकिस्तानी विदेश मन्त्रीने) कहा था कि अमेरिका पाकिस्तानके साथ जिस तरहका व्यवहार कर रहा है, उससे उनकी सरकार (पाकिस्तानकी) दुःखी है और इसलिए वे अमेरिकी आपूर्ति लाइनसे अफगानिस्तानको होने वाली आपूर्ति बन्द करनेपर गम्भीरतासे विचार कर रहे हैं ।

स्रोत : जी न्यूज



Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सम्बन्धित लेख


सूचना: समाचार / आलेखमें उद्धृत स्रोत यूआरऍल केवल समाचार / लेख प्रकाशित होनेकी तारीखपर वैध हो सकता है। उनमेंसे ज्यादातर एक दिनसे कुछ महीने पश्चात अमान्य हो सकते हैं जब कोई URL काम करनेमें विफल रहता है, तो आप स्रोत वेबसाइटके शीर्ष स्तरपर जा सकते हैं और समाचार / लेखकी खोज कर सकते हैं।

अस्वीकरण: प्रकाशित समाचार / लेख विभिन्न स्रोतोंसे एकत्र किए जाते हैं और समाचार / आलेखकी जिम्मेदारी स्रोतपर ही निर्भर होते हैं। वैदिक उपासना पीठ या इसकी वेबसाइट किसी भी तरहसे जुड़ी नहीं है और न ही यहां प्रस्तुत समाचार / लेख सामग्रीके लिए जिम्मेदार है। इस लेखमें व्यक्त राय लेखक लेखकोंकी राय है लेखकद्वारा दी गई सूचना, तथ्यों या राय, वैदिक उपासना पीठके विचारोंको प्रतिबिंबित नहीं करती है, इसके लिए वैदिक उपासना पीठ जिम्मेदार या उत्तरदायी नहीं है। लेखक इस लेखमें किसी भी जानकारीकी सटीकता, पूर्णता, उपयुक्तता और वैधताके लिए उत्तरदायी है।

विडियो

© 2017. Vedic Upasna. All rights reserved. Origin IT Solution