३१ कोटिके (करोडके) साथ फजल और फैसल समेत ४ बनाए गए बन्दी, चल रहा था ‘मनी लॉन्ड्रिंग’का षड्यन्त्र, १८५ अधिकोष (बैंक) खातोंका प्रयोगकर ‘गडबडझाला’


४ दिसम्बर, २०२१
      बेंगलुरु ‘पुलिस’ने केरलसे चार लोगोंको ‘मनी लॉन्ड्रिंग’के आरोपमें बन्दी बनाया है । बन्दी बनाए गए आरोपितोंका अभिज्ञान (पहचान) फजल, फैसल, मोहम्मद साहिल और अब्दुल मानसके रूपमें हुआ है । इनकी आयु लगभग ३० वर्ष है और जेपी नगर ‘VI’ स्टेजके रहनेवाले हैं ।
      ‘पुलिस’ने चारों आरोपितोंके पाससे ३१ कोटि रुपएसे अधिककी अत्यधिक धनराशि प्राप्त की है । इसके अतिरिक्त ‘पुलिस’को २० लाख रुपएकी राशि भी मिली, जिसे ‘कैश डिपॉजिट मशीनके (CDM)’ माध्यमसे १८५ अधिकोष खातोंमें स्थानान्तरित किया गया । ‘टाइम्स ऑफ इंडिया’के विवरणके अनुसार ‘पुलिस’ने चारोंके पाससे २,६५६ ‘कैश डिपोजिट’ पावती-पत्रोंकी (रसीदें) प्राप्ति की हैं ।
      आरम्भिक जांचके ‘बाद’ पता चला कि आरोपितोंने केरलके व्यापारियों और ‘ट्रेडर्स’से ‘नकदी’ स्वीकार की, जिसके ‘बाद’ उन्होंने ‘सीडीएम’द्वारा भिन्न-भिन्न अधिकोष खातोंमें पैसे भेजे । ‘डीसीपी’ (दक्षिण) हरीश पाण्डेने कहा कि मुख्य आरोपित साहिलको २१ नवम्बरको बन्दी बनाया गया था, जब वह पुत्तनहल्लीमें एक ‘एटीएम’ ‘कियोस्क’के बाहर सन्दिग्ध प्रकारसे व्यवहार कर रहा था ।
         जिहादी येन-केन-प्रकारेण धनकी लूटकर, आतङ्कवाद और ऐसे अनेक षड्यन्त्रोंका प्रसार कर रहे है । पुलिस प्रशासनको चाहिए कि इनके सभी अधिकोष खातोंकी गराईसे जांचकर, आरोपीको कठोर दण्ड दिया जाए । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ
 
 
स्रोत : ऑप इंडिया


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