केरलसे ‘इस्लामिक स्टेट खुरासान’में सम्मिलित होने गया था ‘एमटेक’का छात्र नजीब, अफगानिस्तानमें आत्मघाती आक्रमणमें स्वयंको उडाया
११ मार्च, २०२२
‘इस्लामिक’ कट्टरपन्थसे प्रभावित होकर क्रूर’ आतङ्कवादी संगठन ‘इस्लामिक स्टेट खुरासान प्रॉविन्स’में (ISKP में) सम्मिलित होनेके लिए केरलसे अफगानिस्तान गया एक मुसलमान अभियन्ता (इंजीनियर) मारा गया । उसने स्वयंको ही ‘बम’ विस्फोटकर उडा लिया । इसका रहस्योद्घाटन स्वयं चरमपन्थी ‘इस्लामिक’ संगठनने किया है ।
आतङ्की संगठन ‘आईएसकेपी’की एक ‘मैगजीन‘ है ‘वॉयस ऑफ खुरासान’ । इसी ‘मैगजीन’में आत्मघाती आक्रमण करनेवाले भारतीय व्यक्तिके विषयमें जानकारी दी गई है । मरनेवालेका नाम नजीब अल हिन्दी (२३) था, जो कि केरलके ही एक अभियान्त्रिकी महाविद्यालयसे (इंजीनियरिंग कॉलेजसे) ‘एमटेक’ कर रहा था ।
‘ISIS-K’ या ‘इस्लामिक स्टेट खुरासान प्रान्त’ (ISKP) – ‘ISIS’ या ‘इस्लामिक स्टेट’का क्षेत्रीय सहयोगी है, जिसकी स्थापना ईराक और सीरियामें हुई थी । ‘इस्लामिक स्टेट खुरासान प्रान्त’ या ‘ISKP’, ‘इस्लामिक स्टेट’ आतङ्की समूहकी अफगान शाखा है । यह अफगानिस्तान, पाकिस्तान और भारतमें सक्रिय है । ‘इस्लामिक आतङ्की’ संगठनके अधिकतर आतंकी अफगानिस्तान और पाकिस्तानके ‘मदरसों’से निकलते हैं ।
उपर्युक्त प्रकरणसे समझमें आता है कि मुसलमान कितने धर्मान्ध होते हैं कि उन्हें उचित और अनुचितमें अन्तर भी ज्ञात नहीं है । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ
स्रोत : ऑप इंडिया
Leave a Reply