कुलभूषण जाधवको सुनाए गए मृत्युदण्डके आदेशको पाकिस्तान त्वरित निरस्त करे, क्या इस हेतु हमारे देशके राज्यकर्ता कुछ ठोस उपाययोजना निकालेंगे या सदैव समान उसे धमकी ही देते रहेंगे !
अब पाकिस्तान भी हमारे राज्यकर्ताओंकी मानसिकतासे परिचित हो गया है कि भारतीय राज्यकर्ता मात्र गरजनेवाले बादल है और उन्हें ज्ञात है कि वे अधिकसे अधिक द्विपक्षीय वार्ताको निरस्त करेंगे ! ऐसी सर्व समस्याओंका अब एकमात्र पर्याय रह गया है और वह है पाकिस्तानके अस्तित्वको समाप्त कर, उसका भारतमें पूर्ण रूपसे विलीनीकरण करना ! अर्थात् न रहेगा बांस और न बजेगी बांसुरी ! (१२.४.२०१७)
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