जनवरी ८, २०१९
भारतीय सेना सीमा पारसे होनेवाले किसी भी दुस्साहसका कडा उत्तर देनेको सज्ज है । इस समय जम्मू-कश्मीरमें ४५० आतंकी सक्रिय हैं । इनमें ४०० आतंकी कश्मीर जबकि ५० जम्मू संभागके आतंकवादग्रस्त क्षेत्रोंमें हैं । सीमा पार आतंकवादका ढांचा बना हुआ है । वहांपर १६ आतंकवादी शिविर चल रहे हैं । आतंकवादियोंकी घुसपैठ करवानेके लिए ही पाकिस्तानकी ओरसे संघर्ष विरामका उल्लंघन किया जा रहा है ।
सेनाकी उत्तरी कमानके अधिकारी कमांडिंग चीफ लेफ्टिनेंट जनरल रणबीर सिंहने वीरवार, ७ फरवरीको उत्तरी कमान मुख्यालय ऊधमपुरमें संवाददाता सम्मेलनको सम्बोधित करते हुए कहा कि जम्मू-कश्मीरमें आतंकवादके विरुद्घ युद्ध निर्णायक मोडपर पहुंच गया है । सेनाकी उत्तम आतंकवाद विराेधी समर्थताके सार्थक परिणाम सामने आ रहे हैं । कश्मीरमें सेना विरोधी, आतंकवाद समर्थक वक्तव्यके सम्बन्धमें पूछे गए प्रश्नके उत्तरमें उन्होंने कहा कि इस वक्तव्यसे सैनिकोंके उत्साहपर कोई प्रभाव नहीं पडता है ।
सीमा पारसे जारी आतंकवादको राज्यके विकासमें बाधा बताते देते हुए सेनाध्यक्षने कहा कि राज्यवासी देशकी स्वतन्त्रताके पश्चात चुनौतियोंका सामना करनेमें सफल हो रहे हैं । इसे दुखद बताया कि देशविरोधी शक्तियां युवाओंको हिंसाके राहपर डालनेके लिए निरन्तर प्रयास कर रहे हैं । राज्यमें सेना एक ओर यहां स्थायी शान्तिके प्रयास कर रही है तो दूसरी ओर सेना प्राकृतिक आपदा आनेकी स्थितिमें भी लोगोंके काम आ रही है ।
स्रोत : जागरण
Leave a Reply