घरका वैद्य – मर्दन चिकित्सा (भाग-७)


मर्दन या मालिशका आवश्यक ज्ञान

उबटन और अभ्यंग स्नान : उबटनको यदि संयुक्त घर्षण और तेल स्नान कहा जाए तो असत्य नहीं होगा; क्योंकि उबटनमें तेलयुक्त पदार्थके मिश्रणसे शरीरका तेल स्नान भी हो जाता है और साथ ही साथ सम्पूर्ण रूपसे उसका घर्षण तथा मर्दन (मालिश) भी । उबटनसे शरीरको सभी लाभ होते हैं, जो उपयुक्त अन्य ‘मालिशों’से मिलते हैं । पीली सरसोंका उबटन उत्तम है । हलदी, लाल चन्दन, तथा गोदुग्धके मिश्रणसे भी अच्छा उबटन बनता है । हमारे घरोंमें साधारणतः सरसोंका तेल, बेसन और हलदीके योगसे जो उबटन बनता है, उसका चलन बहुतायतसे है । विशेषकर बच्चोंके लिए भी इसी उबटनका प्रयोग किया जाता है । तेल, कफ और वायुकोपको रोकता है तथा त्वचाको कोमलता एवं बल प्रदान करता है । बेसन शरीरकी दुर्गन्ध और मलको काटकर त्वचाको कोमल बनाता है तथा हलदीमें त्वचाके समस्त रोगोंको दूरकर देनेकी अद्भुत शक्ति निहित रहती है । इसीलिए उबटनके गुणोंपर मुग्ध होकर हमारे पूर्वजोंने विवाह संस्कार पद्धतिमें एक विधि, ‘हलदी उबटन’ नामसे प्रचलित कर रखी है ।
उद्धर्तनके (उबटनके) उपर्युक्त स्वास्थ्यवर्द्धक गुणोंसे प्रभावित होकर आज पाश्चात्य देशोंकी सम्भ्रान्त महिलाएं भी, अब भिन्न-भिन्न प्रकारके सुगन्धित पदार्थोंसे युक्त उबटन प्रतिदिन अपने प्रयोगमें लाने लगी हैं । वहांके विपणन केन्द्रोंमें (बाजारोंमें) सैंकडों प्रकारके मूल्यवान उबटन उपलब्ध रहते हैं तथा उनका यथेष्ट संख्यामें विक्रय भी होता है ।



Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सम्बन्धित लेख


विडियो

© 2021. Vedic Upasna. All rights reserved. Origin IT Solution