‘ईटी’ने छापा शिवलिंगका परिहास करनेवाला ‘कार्टून’ : निरन्तर उडाया जा रहा हिन्दू आस्थाओंका परिहास


२३ मई, २०२२
     ‘इकोनॉमिक्स टाइम्स’के ‘प्रिंट वर्जन’में रविवार, २२ मई २०२२ को एक ‘कार्टून’के माध्यमसे ज्ञानवापी प्रकरणपर हिन्दुओंका परिहास उडाया गया। इस ‘कार्टून’में भाभा ‘एटॉमिक रिसर्च’ केन्द्रको शिवलिंगके रूपमें दिखाया गया । ‘कार्टून’का शीर्षक बम भोलेनाथ दिया गया था । यह ‘कार्टून’ समाचारपत्रके ‘दुनिया’वाले ‘कॉलम’में छपा था ।
      इसी समाचारपत्रमें एक अन्य ‘कार्टून’में तेजोमहालयके (ताजमहलके) तलघरमें लगे द्वारको खोलनेपर एक ‘कार्टून’ छापा गया है ।
      ज्ञानवापी निरीक्षणके समय शिवलिंग मिलनेके उपरान्त कई लोगोंने हिन्दू आस्थाओंपर प्रहार करनेवाली टिप्पणी की । उनमेसे कुछके विरुद्ध विधायी  कार्यवाही भी की गई है । कुछ समय पूर्व ‘टीएमसी’ सांसद महुआ मोइत्रा, पत्रकार सबा नकवी, सेवानिवृत ‘आईएएस’ सूर्य प्रताप सिंह, ‘पीस पार्टी’के शादाब चौहान और आरजेडीके नेता कुमार दिवाशंकरके विरुद्ध हिन्दू आस्थाओंको अघात पहुंचानेका परिवाद प्रविष्ट किया गया है । इसी क्रममें देहली विश्वविद्यालयके महाध्यापक रतन लालको बन्दी भी बनाया गया, जिन्हें कुछ घण्टोंके उपरान्त प्रतिभूति मिल गई थी ।
     इस ‘कार्टून’को प्रकाशित करते हुए ‘इकोनॉमिक टाइम्स’ने हिन्दू आस्थाओंका थोडा भी ध्यान नहीं रखा ।
    भारतीय ‘मीडिया’के साथ-साथ विदेशी ‘मीडिया’ संस्थान भी हिन्दुओं और सनातन संस्कृतिको नीचा दिखानेका कोई अवसर नहीं चूकते हैं । वहीं, अन्य पन्थोंकी बात आती है तो इनके मानदण्ड ही परिवर्तित हो जाते हैं । आवश्यकता है कि इस ‘मीडिया’का बहिष्कार भी किया जाए और न्यायालयके माध्यमसे भी इनको दण्डित करवाया जाना चाहिए । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ
 
 
स्रोत : ऑप इंडिया


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