बुद्धिमान व्यक्तिने किनसे दूर रहना चाहिए ?


दश धर्मं न जानन्ति धृतराष्ट्र निबोध तान् ।  मत्त: प्रमत्त: उन्मत्त: श्रांत: क्रुद्धो बुभुक्षित: ।।  

त्वरमाणश्च लुब्द्धश्च भीत: कामी च ते दश ।  तस्मादेतेषु सर्वेषु न प्रसज्जेत पंडित : ।।  – विदुर नीति

अर्थ : हे धृतराष्ट्र ! दस प्रकारके व्यक्ति धर्मको नहीं जानते।  उन्हें तुम सुनो ।  वह इस प्रकार है – मद्यपानमें मत्त, विषयासक्त मनवाला प्रमत्त, उन्माद आदि युक्त रोगसे युक्त उन्मत्त, थका हुआ, क्रोधसे युक्त, भूखा, शीघ्रता करनेवाला, लोभी, डरा हुआ, और दसवां कामी ।  इसलिए बुद्धिमानने इनसे कोई संपर्क नहीं रखना चाहिए।



Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सम्बन्धित लेख


विडियो

© 2021. Vedic Upasna. All rights reserved. Origin IT Solution