जून ४, २०१९
प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदीका अल्पसंख्यकोंके मध्य विश्वास बनानेके लिए अल्पसंख्यक मन्त्रालयने कई योजना बनाई हैं । मन्त्रालयने अगले पांच वर्षोंमें अल्पसंख्यक वर्गके पांच कोटि छात्रोंको ‘प्रधानमन्त्री छात्रवृत्ति योजना’का लाभ देने और २५ लाख युवकोंको तकनीकी दृष्टिसे दक्ष करनेकी योजना बनाई है ।
अल्पसंख्यक लडकियोंमें शिक्षाको बढावा देनेके लिए देशव्यापी ‘पढो-बढो’ अभियान चलानेका निर्णय लिया है । इसके अतिरिक्त अल्पसंख्यक कल्याण मन्त्री मुख्तार अब्बास नकवीने मन्त्रालयके लिए ‘थ्री ई’का (एजुकेशन, एम्प्लॉयमेंट, एम्पावरमेंट) लक्ष्य निर्धारित किया है । पदभार संभालनेके पश्चात अधिकारियोंके साथ प्रथम बैठकमें नकवीने कहा, ‘हमें अपना लक्ष्य प्राप्त करनेके लिए विकासकी गाडीको विश्वासके “हाईवे’पर दौडाना होगा । शिक्षा, रोजगार और सशक्तीकरणसे ही अल्पसंख्यक मन्त्रालयकी सामाजिक व आर्थिक स्थितिमें परिवर्तन लाया जा सकता है । जिन ५ कोटि विद्यार्थियोंको छात्रवृत्ति मिलेगी, उनमें ५० प्रतिशत छात्राओंको सम्मिलित करनेका हमारा प्रयास होगा ।’
“प्रधानमन्त्री जी, इस देशमें केवल अल्पसंख्यकोंके बच्चे नहीं रहते हैं । तथाकथित बहुसंख्यक वर्ग भी है इस देशमें, जिनके बच्चोंको न आरक्षणका लाभ मिलता है और न ही कोई आर्थिक सहायता मिलती है । ”- सम्पादक, वैदिक उपासना पीठ
स्रोत : अमर उजाला
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