नवम्बर ३, २०१८
छत्तीसगढके सुकमा जनपदमें आठ महिला माओवादियों सहित १९ माओवादियोंने पुलिसके सामने आत्मसमर्पण कर दिया है ! सुकमा जनपदके पुलिस अधिकारियोंने बताया कि जनपदके तोंगपाल थानामें आज पुलिस और सीमा सुरक्षा बलके (सीआरपीएफके) अधिकारियोंके समक्ष १९ नक्सलियोंने आत्मसमर्पण कर दिया !
आत्मसमर्पण करने वाले सभी नक्सली ‘कटेकल्याण एरिया समिति’से सम्बन्धित थे । अधिकारियोंने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सली ‘जनमिलिशिया, चेतना नाट्य मंच’ और ‘क्रांतिकारी आदिवासी महिला संघ’के सदस्य हैं । उन्होंने बताया कि ये नक्सली सदस्य क्षेत्रमें माओवादी विज्ञापन पट (पोस्टर, बैनर) लगाने और सडक काटने जैसे अपराधोंमें सम्मिलित थे ।
अधिकारियोंने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियोंने पुलिससे कहा कि उन्होंने खोखली माओवादी विचारधारा, शोषण, अत्याचार और भेदभावसे तंग आकर मुख्यधारामें सम्मिलित होनेका निर्णय किया है । पुलिस अधिकारियोंने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियोंको छत्तीसगढ शासनकी राहत और पुनर्वास योजनाके अन्तर्गत नियमानुसार सहायता प्रदान की जाएगी ।
“आतंककी घुट्टी पिला ही कोई आतंकी बनता है । भारतभूमिमें धर्मशिक्षण व संस्कारोंके कारण ऐसे कृत्य नहीं होते थे, परन्तु भौतिकतावादकी अन्धी दौडने हमें धर्म व संस्कारोंसे विरहित कर दिया, जिससे समाजमें आतंक विस्तरित होता गया । बुद्धिके इस पतनको रोकने हेतु पुनः धर्मनिष्ठ राष्ट्रकी आवश्यकता है”- सम्पादक, वैदिक उपासना पीठ
स्रोत : अमर उजाला
Leave a Reply