हार्दिक पटेलने पुनः दिया हिन्दू द्रोही वक्तव्य, कहा कि क्यों न १२५ कोटि हिंदुस्‍तानियोंका नाम ‘राम’ रख देना चाहिए !


नवम्बर १५, २०१८

उत्तरप्रदेश सरकारद्वारा नगरोंके नाम परिवर्तनको लेकर राजनीति जारी है । कभी योगी सरकारके अपने मंत्री तो कभी विपक्ष, लक्ष्य साध रहे हैं । वहीं, गुजरातके पाटीदार समाजके नेता हार्दिक पटेलने कहा कि यदि केवल नगरोंके नाम परिवर्तनसे प्रगति हो सकती है या ये देश सोनेकी चिडिया बन सकती है, तो कुछ और विशेष काम करनेकी आवश्यकता है । देशको सोनेकी चिडिया बनानेके लिए सभी १२५ कोटि लोगोंका नाम ‘राम’ रख देना चाहिए ।


मोदी सरकार और योगी सरकारपर लक्ष्य साधते हुए उन्होंने कहा कि इस देशमें वृत्तिहीनता (बेरोजगारी) किसानोंका प्रश्न बडा है, लेकिन वर्तमान सरकार नाम परिवर्तन करने और प्रतिमाओंके चक्करमें है । उत्तर प्रदेशके सम्भलमें कल्कि महोत्सवके मध्य उन्होंने ये बातें पत्रकारोंसे कहीं । उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश देशके राजनीतिकी धुरी है और यहींसे केन्द्र सरकार निर्धारित होती है । उत्तर प्रदेश ही देशकी दिशा व दशा निर्धारित करनेमें सक्षम है ।

भाजपापर लक्ष्य साधते हुए कहा कि उत्तर प्रदेशमें वृत्तिहीनता (बेरोजगारी) अधिक है । युवा भटक रहे हैं । सरकारको इसके लिए भी सोचना चाहिए । हार्दिक पटेलने कहा कि उत्तर प्रदेशमें राम मंदिर बीजेपीका मुद्दा है, जो उसका वोट बैंक है । उन्होंने कहा कि गुजरातके प्रत्येक घर, प्रत्येक ग्राममें राम मंदिर है और अयोध्या जहां भगवान रामका जन्म हुआ वहां मंदिर नहीं बना । उन्होंने कहा क्योंकि मतदान आने वाले हैं, इसलिए राम मंदिरका प्रकरण जान बूझकर उछाला जाता है । सीबीआई, राफेल, आरबीआई जैसे गम्भीर प्रकरणसे ध्यान हटानेके लिए राम मंदिर पुनः चर्चाका विषय बन गया है ।

 

“कन्हैया कुमारको बताना चाहेंगें कि श्रीरामका नाम तो समस्त भव बन्धनोंको काटता है, तो ये तुच्छ सांसारिक वस्तुओंकी पूर्ति और आपकी तथाकथित प्रगति क्या है !, परन्तु यह बात मैकॉले शिक्षति विधर्मी युवाओं और कर्मकाण्डहीन लोगोंको कहा समझ आएगा !”- सम्पादक, वैदिक उपासना पीठ

 

स्रोत : जी न्यूज



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