अगस्त २९, २०१८
जैन मुनी विश्रान्त सागरने विवादित वक्तव्य देते हुए देश भरकी लडकियोंको ‘सामग्री’ बताया है और उन्हें संयमित रहनेका परामर्श दिया है । साथ ही उन्होंने कहा है कि लडकियोंके विरुद्ध अपराधकी घटनाओंमें ९५ प्रतिशत चूक लडकियोंकी होती है । समाचार विभाग ‘भाषा’के अनुसार, सीकर मुख्यलयपर ‘चातुर्मास’ कर रहे जैन मुनि विश्रान्त सागरने आज पत्रकार वार्ताको सम्बोधित करते हुए कहा कि आजके समयमें लडकियोंको बहुत सम्भल कर चलनेकी आवश्यकता है; क्योंकि लडकियोंको अपने पीहर पक्ष और ससुराल पक्ष दोनोंकी लाज बचा कर रखनी है ।
यही नहीं जैन मुनिने लडकियोंको ‘सामग्री’ बताया । उन्होंने कहा कि आजके समयमें लडकियोंको पाश्चात्य संस्कृतिके बहकावेमें नही आकर, संस्कारके साथ शिक्षा ग्रहण करनी चाहिए ।
“सोच समझ कर न कही व आधी अधूरी बात अर्थका अनर्थ कर देती है । धार्मिक पदोंपर बैठे व्यक्तियोंको पदकी गरिमा अनुसार ही बोलना चाहिए” – सम्पादक, वैदिक उपासना पीठ
स्रोत : लाइव हिन्दुस्तान
Leave a Reply