जली रोटीपर पतिने ‘तीन तलाक’ देकर १ माहतक पत्नीको कक्षमें रखा बन्द रखनेसे महिलाकी मृत्यु


जुलाई १२, २०१८

जली हुई रोटी देनेके कारण चलभाषपर पतिद्वारा ‘तीन तलाक’ कहे जानेके पश्चात एक माह कक्षमें कथित रूपसे भूखी बन्द रखी महिलाकी मृत्यु हो गई ! महिलाके पति सहित ससुराल वालोंपर ‘दहेज हत्या’का अभियोग किया गया है । पुलिसने आज बताया कि मृतकाका छह वर्षका पुत्र है । मृतकाकी बहनका आक्षेप है कि रजियाका पति दहेजके लिए उसे पिटता था । प्रथम उसे ‘तीन तलाक’ कहा गया । उसके पश्चात एक कक्षमें भूखा प्यासा बन्द रखा गया ।
इसपर संज्ञान लेते हुए जिला पुलिसने ‘दहेज हत्या’का अभियोग अंकित किया है और पति सहित ससुराल वालोंको बन्दी बनानेका आदेश दिया गया है ।

महोबाकी रहने वाली रजियाको ‘तीन तलाक’ कहा गया और पतिका घर छोडनेपर विवश किया गया ! कथित रूपसे रजियाकी चूक केवल इतनी थी कि उसकेद्वारा बनाई रोटी जल गई थी ।

बरेलीमें ‘तीन तलाक और हलाला’का चौंकाने वाला एक कथित प्रकरण पहले भी सामने आया था । एक व्यक्तिपर उसकी पत्नीने पहले तलाक देकर घरसे निकालने और फिरसे साथ रखनेके लिए अपने ही ससुरके साथ ‘हलाला’ कराने और पुनः तलाक देनेके पश्चात अब देवरसे ‘हलाला’ करानेकी जिद करनेका आक्षेप लगाया है ।

बरेली नगरके बानखाना निवासी शबीनाने कल ‘आला हजरत हेल्पिंग सोसायटी’की अध्यक्ष निदा खानके साथ संयुक्त संवाददाता सम्मेलनमें बताया कि उसका विवाह गढी-चैकीके रहने वाले वसीमसे वर्ष २००९ में हुआ था । उसका आक्षेप है कि दो वर्ष पश्चात पतिने उसे तलाक देकर घरसे निकाल दिया । बादमें उसी वर्ष वसीमने अपने पिताके साथ उसका ‘हलाला’ कराया ! उसके पश्चात वह फिर वसीमके साथ रहने लगी, परन्तु झगडे समाप्त नहीं हुए । वर्ष २०१७ में उसके पतिने उसे फिर तलाक दे दिया । अब वह अपने भाईके साथ ‘हलाला’ करनेकी शर्त रख रहा है । शबीनाने ऐसा करनेसे मना कर दिया है और अब वह ‘तीन तलाक, हलाला और बहुविवाह’पर कडा विधान चाहती हैं, ताकि महिलाएं इस अत्याचारसे बच सकें ।

इस मध्य, मुफ्ती खुर्शीद आलमने बताया कि सबसे पहले तो यह देखना होगा कि ससुरके साथ ‘हलाला’ कैसे हुआ ? यदि ऐसा हुआ तो बडा दोष है । दूसरी बात, ससुरसे ‘हलाला’ होनेपर बहू अपने पहले पतिपर हराम हो गई । वह पुनः अपने पहले पतिके साथ नहीं रह सकती ।

स्रोत : लाइव हिन्दुस्तान



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