केरलमें सीपीआईएमके युवा शाखानके कार्यकर्ताने किया अवयस्क दलित युवतीके साथ दुष्कर्म, वामपन्थी नेताओंने परिवारको गांवसे बहिष्कृत किया
२६ सितम्बर, २०२१
केरलमें ‘डेमोक्रेटिक यूथ डेडेरशन ऑफ इंडिया’के कार्यकर्तापर एक दलित युवतीके साथ दुष्कर्मका आरोप लगा है । युवतीकी उम्र मात्र ९ वर्ष है। ‘डीवायएफआई’ केरलकी सत्ताधारी वामपंथी पार्टी सीपीआई(एम)की युवा शाखा है। अगस्तमें केरलके सबसे बडे त्यौहार ओणमसे ४ दिवस पहले युवती बहुत रो रही थी। साथ ही वह अपने पिताके ‘फोन से ‘ऑनलाइन’ कक्षा भी नहीं कर पा रही थी, जिसके लिए उसकी मांने उसे डांट भी लगाई थी ।
युवतीके पिता ‘वेल्डर’का कार्य करते हैं । इसके बाद युवतीने अपनी मांसे कहा कि वो उनसे बात करना चाहती हैं; किन्तु अपने पिताकी उपस्थितिमें। इसके बाद युवतीने बताया कि पडोसके ही एक युवक सयूजने उसके साथ दुष्कर्म किया है । ये घटना कुछ माह पहले हुई थी । आरोपित सयूज पीडिताके पिताका मित्र था और दोनों कभी-कभी साथ काम भी करते थे। सयूज ‘डीवायएफआई’ का कार्यकर्ता है। ‘डीवायएफआई’के अध्यक्ष मुख्यमंत्री पिनराई विजयनके दामाद पीए मोहम्मद रियास हैं।
लोगोंने पीडित परिवारका गांवसे बहिष्कार कर दिया और उनसे बातचीत बन्द कर दी । उसे कहा जाने लगा कि वो अपनी पुत्रीका उपयोग रुपयोंके लिए कर रहा है । उनके घर कोई नहीं आता था। उनका बाहर निकलना तक दूभर हो गया । स्थानीय बसपा इकाईने परिवारका समर्थन किया है । यद्यपि, सीपीआईएम नेताओने अपने ऊपर लगे आरोपोंको नकारते हुए कहा है कि उन्होंने कोई हस्ताक्षर नहीं जुटाए ।
जब रक्षक यानि शासक ही भक्षक बन जाय तो जनता कैसे सुरक्षित रहेगी? चरित्र और आचरणमें जिहादी और वामपंथी एक जैसे ही हैं फिलहाल तो सत्तासुखके लिए केरलमें जिहादियों एवं वामपंथियोंका गठजोड भी है । यहां तो आरोपी एवं उसका संरक्षक दोनों ही जिहादी हैं । देशकेके लिए जितने आशंकाप्रद जिहादी हैं उससे कहीं ज्यादा ये वामपंथी हैं । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ
स्रोत : ऑप इंडिया
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