जुलाई १, २०१८
लखनऊमें ऐतिहासिक ‘टीले वाली मस्जिद’के सामने लक्ष्मणजीकी प्रतिमा लगानेको लेकर आरम्भ हुआ विवाद अभी शान्त भी नहीं हो पाया था कि पूर्व केन्द्रीय मन्त्री कलराज मिश्रा ने कहा कि लखनऊका नाम भगवान लक्ष्मणके नामपर रखा जाए ! उन्होंने कहा कि लखनऊका नाम ‘लक्ष्मणपुरी’कर दिया जाए ! उन्होंने कहा कि लखनऊकी पहचान लक्ष्मणजीके कारण है । हमें अपनी संस्कृति और धरोहरको बचा कर रखना चाहिए । सभी की सहमति बने तो लखनऊका नाम बदल देना चाहिए ।
इससे पहले लखनऊ नगर निगमकी कार्यकारिणीमें लखनऊकी ‘टीले वाली मस्जिद’के सामने लक्ष्मणजीकी प्रतिमा लगानेका प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया । लखनऊ नगर निगमकी मेयर संयुक्ता भाटियाको सम्बोधित यह प्रस्ताव भाजपाके दो पार्षदोंने २७ जूनको प्रस्तुत किया । पार्षद दलके उपनेता रामकृष्ण यादव और पार्षद दलके मुख्य सचेतक रजनीश गुप्ताकी ओरसे प्रस्तुत प्रस्तावमें कहा गया है कि लखनऊका इतिहास भगवान लक्ष्मणसे सम्बन्धित है; इसलिए जन भावनाओंको देखते हुए ‘टीले वाली मस्जिद’के सामने लक्ष्मणजीकी प्रतिमा नगर निगम लगाए !
भाजपा पार्षद दलके उपनेता रामकृष्ण यादवके अनुसार, ‘टीले वाली मस्जिद’का नाम ‘लक्ष्मण टीला’ रहा है । इस स्थानपर लक्ष्मणजीकी प्रतिमा लगाई जानी चाहिए । इससे पूर्व बीजेपीके वरिष्ठ नेता लाल जी टण्डनने अपनी पुस्तकमें ‘टीले वाली मस्जिद’के स्थानपर प्राचीन ‘लक्ष्मण टीला’ होनेका दावा किया था । नगर निगमके इस प्रस्तावके बाद मुस्लिम संगठनों और धर्मगुरुओंकी ओरसे इसका विरोध भी आरम्भ हो गया है । ‘मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड’के अनुसार, भाजपा राजनैतिक लाभके लिए इस विवादको पैदा करना चाहती है । विवाद बढनेके बाद नगर निगम बोर्डकी अगली बैठकमें इस प्रकरणपर वार्ताकी जा सकती है ।
स्रोत : जी न्यूज
Leave a Reply