मुनव्वर फारूखीके २ साथियोंको प्राप्त हुई न्यायालयसे प्रतिभूति


२७ फरवरी, २०२१
         हिन्दू देवी-देवताओंपर आपत्तिजनक टिप्पणी करनेके आरोपमें बन्दी मुनव्वर फारूखी तथा अन्य दो आरोपियोंको मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय पीठने शुक्रवार दिनांक २६ फरवरी २०२१ को अन्तरिम प्रतिभूति प्रदान कर दी । न्यायमूर्ति रोहित आर्यने दोनों पक्षोंको सुननेके उपरान्त सदाकत खान (२३) तथा नलिन यादवको (२५) अन्तरिम प्रतिभूति प्रदान की । इसी पीठने इससे पूर्व प्रखर व्यास तथा एडविन एंथनीको १२ फरवरीको प्रतिभूति प्रदान की थी ।
       उल्लेखनीय है कि इंदौरके ५६ दुकान क्षेत्रमें एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था, जिसमें भाजपा नेत्री मालिनी लक्ष्मण सिंह गौडके पुत्र एकलव्य सिंहने आरोप लगाया था कि इन सबने उस कार्यक्रममें हिन्दू देवी-देवताओंपर अभद्र टिप्पणी की थी तथा गृहमन्त्री अमितशाहके लिए भी अपमानजनक शब्दोंका प्रयोग किया था । हिन्दू देवी-देवताओंपर अपमानजनक टिप्पणी करनेके आरोपमें बन्दी ‘स्टैण्ड अप कॉमेडियन’ मुनव्वर फारूखीको सर्वोच्च न्यायालयने अन्तरिम प्रतिभूति प्रदान की थी । इससे पूर्व मध्य प्रदेश उच्च न्यायालयने उसे प्रतिभूति देनेसे मना कर दिया था । इसी निर्णयको ध्यानमें रखकर न्यायालयने अन्य आरोपियोंको भी प्रतिभूति प्रदान की है ।
       अभी इनको मुक्त किया है, अभी कुछ दिवस पश्चात कुछ और निकलकर आएंगे और देवताओंपर टिप्पणियां करेंगे; क्योंकि वे जानते हैं कि कोई उन्हें भी मुक्त कर दिया जाएगा; क्योंकि भारतका विधान ही ऐसा है । यह विधान परिवर्तित हो; इसलिए हिन्दू राष्ट्रकी स्थापना अपरिहार्य हो गई है । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ
 
 
स्रोत : ऑप इंडिया


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