केजरीवाल शासनके मन्त्रीने ‘जुवेनाइल जस्टिस एक्ट’का किया उल्लंघन : देहली उपराज्यपालको लिखा पत्र


१६ मई, २०२१
राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोगने देहलीके उपराज्यपालको पत्र लिखकर केजरीवाल शासनमें समाज कल्याण मन्त्री राजेंद्र पाल गौतमके विरुद्ध देहलीमें स्थित एक ‘चाइल्ड केयर’ संस्थानमें रहने वाले बच्चोंका अभिज्ञान प्रसार माध्यमपर उजागर करनेके आरोपमें कार्यवाहीकी मांग करते हुए एक सप्ताहमें उत्तर देनेको कहा है; क्योंकि किशोर न्याय अधिनियम, २०१५ की धारा ७४, किसी भी प्रसार माध्यमपर बच्चोंकी अभिज्ञान जैसे उनका नाम, पता, उम्र, विद्यालयका नाम आदिके उजागर करनेपर रोक लगाती है । यह दण्डनीय अपराध है ।
     विधान तोडनेपर सभी दण्डके पात्र होते हैं, चाहे वह कोई मन्त्री ही क्यों न हो ? देहली शासनके इन मन्त्रीजीको भी दण्डित किया जाना चाहिए । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ
 
 
स्रोत : ऑप इंडिया


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सम्बन्धित लेख


सूचना: समाचार / आलेखमें उद्धृत स्रोत यूआरऍल केवल समाचार / लेख प्रकाशित होनेकी तारीखपर वैध हो सकता है। उनमेंसे ज्यादातर एक दिनसे कुछ महीने पश्चात अमान्य हो सकते हैं जब कोई URL काम करनेमें विफल रहता है, तो आप स्रोत वेबसाइटके शीर्ष स्तरपर जा सकते हैं और समाचार / लेखकी खोज कर सकते हैं।

अस्वीकरण: प्रकाशित समाचार / लेख विभिन्न स्रोतोंसे एकत्र किए जाते हैं और समाचार / आलेखकी जिम्मेदारी स्रोतपर ही निर्भर होते हैं। वैदिक उपासना पीठ या इसकी वेबसाइट किसी भी तरहसे जुड़ी नहीं है और न ही यहां प्रस्तुत समाचार / लेख सामग्रीके लिए जिम्मेदार है। इस लेखमें व्यक्त राय लेखक लेखकोंकी राय है लेखकद्वारा दी गई सूचना, तथ्यों या राय, वैदिक उपासना पीठके विचारोंको प्रतिबिंबित नहीं करती है, इसके लिए वैदिक उपासना पीठ जिम्मेदार या उत्तरदायी नहीं है। लेखक इस लेखमें किसी भी जानकारीकी सटीकता, पूर्णता, उपयुक्तता और वैधताके लिए उत्तरदायी है।

विडियो

© 2021. Vedic Upasna. All rights reserved. Origin IT Solution