३० नवंबर, २०२०
उत्तर प्रदेशके बिजनौर जनपदसे हत्याका प्रकरण सामने आया है । पत्थरसे कुचलकर युवककी निर्मम ढंगसे हत्याकर शवको जला दिया गया, जिससे अभिज्ञान न हो पाए । शुक्रवार, २७ नवम्बरको प्रातः युवकका शव मिला, जिसके पश्चात क्षेत्रमें तनाव व्याप्त हो गया । मृतक शिवमके भाईने अपने एक अन्य भाईकी प्रेमिकाके पिता-पुत्र सहित जिहादी समुदायके ५ लोगोंपर हत्याका प्रकरण प्रविष्ट कराया है ।
‘दैनिक जागरण’ शके अनुसार, बुखारा रोड स्थित झालु बस स्टैंडके समीप युवकका जला हुआ शव मिला । शवके पास रक्तसे भरा एक पत्थर भी मिला । जिससे मुख और सिरपर बलपूर्वक प्रहार करके उसकी हत्या की गई थी । ‘एसपी सिटी’ लक्ष्मी निवास मिश्र, सीओ सिटी कुलदीप गुप्त और शहर कोतवाल राजेश सोलंकीने घटनास्थलपर पहुंचकर समूचे प्रकरणका निरीक्षणकर कार्यवाईके निर्देश दिए । ‘डॉग स्क्वाड’को भी लगाया गया । ‘पोस्टमॉर्टम’के समय चिकित्सालयमें ही परिजनने बडवान नगर मोहल्ला निवासी शिवमका अभिज्ञान किया । मृतकके भाई वासुके अनुसार, उसका एक भाई सागर पडोसकी ही मुसलमान समुदायकी एक लडकीको भगाकर ले गया था। लगभग ५ माह पूर्व पुलिसने सागरको बन्दी बनाकर कारावास भेज दिया था और लडकीको उसके परिजनको सौंप दिया था । सागर अभी भी कारावासमें ही है ।
वासुके अनुसार, शिवम अपने भाई सागरकी पैरवी करता था, जिसके कारण पडोसके जिहादी उससे वैरभाव रखते थे । उसने आरोप लगाया कि लडकीके भाई और पिताने ही मिलकर शिवमकी हत्या की है । पुलिसने आरोपियोंके घर छापा मारा; परन्तु वो सभी भाग गए । एसपीने दोषियोंके विरुद्ध कार्रवाहीका आश्वासन दिया है ।
यह प्रकरण अत्यन्त निन्दनीय है । ऐसे प्रकरणमें सदैव हिन्दुओंको अपने प्राण देने पडे हैं । अन्य समुदायके लोग धर्म निरपेक्षताके नामपर बच जाते हैं ।अभियुक्तोंको कठोर दण्ड देना चाहिए, जिससे ऐसे प्रकरणोंपर रोक लगे । – सम्पादक, वैदिक उपासना पीठ
स्रोत : ऑप इंडिया
Leave a Reply