‘सपा’ कार्यकर्ताओंने उत्तर प्रदेश शासनके मन्त्रीको दी चेतावनी और कहे अपशब्द


०७ जुलाई, २०२१
      समाजवादी पार्टीके कार्यकर्ताओंका ३ जुलाई २०२१, शनिवारको जनपद (जिला) परिषद चुनाव परिणामके पश्चात एक दृश्यपट ‘सोशल मीडिया’पर तीव्रतासे सार्वजनिक हुआ था । इसमें वे उत्तर प्रदेशके मन्त्री उपेंद्र तिवारी और उनके परिवारको अपशब्द कहते हुए दिखाई दिए थे । सार्वजनिक दृश्यपटमें ‘सपा’ कार्यकर्ता विजयके उद्घोष लगा रहे थे; तत्पश्चात तिवारीके विरुद्ध अपमानजनक उद्घोष करने लगे और उन्होंने उनकी ९० वर्षीय मां, पत्नी और बेटियोंके विरुद्ध भी अपमानजनक उद्घोष किए ।
      ‘एएनआई’को दिए एक वक्तव्यमें उपेंद्र तिवारीने कहा, ”मेरी ९० वर्षीय मां, बहन, पत्नी और बेटियोंको उद्घोषके रूपमें अपशब्द कहे गए । तिवारीने कहा कि उन्होंने मुझे अपशब्द कहकर, समाज और लोकतन्त्रको लज्जित करनेकी योजना बनाकर अपनी निराशाके ​सङ्केत दिए हैं ।
      योगी आदित्यनाथके सूचना परामर्शदाता शलभ मणि त्रिपाठीने इस घटनाकी निन्दा की है । उन्होंने ‘ट्वीट’ किया कि कैसे विपक्षी दल ‘ट्विटर’पर ब्राह्मण विरोधी ‘हैशटैग ट्रेंड’ कर रहे थे । उन्होंने कहा, “चुनाव पराजयका रोष देखिए, बलियामें ब्राह्मणोंको अपशब्द कहनेवाले अराजकतावादी आज घृणास्पद ‘हैशटैग’का प्रचार कर रहे हैं । यह आश्चर्यजनक है कि ‘ट्विटर इंडिया’ और मनीष माहेश्वरीने इसमें कुछ भी अनुचित नहीं देखा ।”
      बलिया पुलिसने त्वरित कार्यवाही करते हुए इस घटनामें पांच ‘एसपी’ कार्यकर्ताओंको बन्दी बनाया है ।
   आजके अहंकारी नेता और उनके उन्मादी कार्यकर्ता एक तुच्छ सी विजयका उत्सव मनानेमें सभी राजनीतिक मर्यादायोंको उल्लङ्घन कर जाते हैं । ऐसेमें क्या ये नेता लोकतन्त्रकी रक्षा करेंगे; किञ्चित विचार करें ? हिन्दुओ, आपकी एकतामें ही शक्ति है; अतः सङ्गठनकी शक्तिका अभिज्ञान (पहचान) करें और राजनीतिका अपने स्वार्थ हेतु प्रयोग करनेवाले नेताओं और उनके कार्यकर्ताओंका मुखर होकर विरोध करें तथा हिन्दू राष्ट्रकी स्थापना हेतु सतत प्रयत्नशील रहें । इसमें ही आपका और भावी पीढीका भविष्य निहित है । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ
 
 
स्रोत : ऑप इंडिया


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