मध्यप्रदेशमें नीलकण्ठेश्वर महादेव मन्दिर मार्गका विकास


१० फरवरी, २०२१
मध्यप्रदेशके उदयपुर नगरमें प्राचीन नीलकण्ठेश्वर मन्दिरतक जानेका मार्ग विशाल तथा सुगम बनाया जा रहा है । विदिशासे लगभग ७० किलोमीटरपर स्थित यह ऐतिहासिक नगर है । लगभग १२०० वर्ष पूर्व निर्मित परमार राजवंशके कालके भवन, सरोवर, कक्ष आजभी यहां यथावत हैं । मन्दिरके निकट एक भित्ती तोडकर यहां लोहेका द्वार बनाकर उसपर किसी काजी सैयद इरफान अली, महबूब अलीके नामकी पट्टिका टांग दी गई थी । जिसमें उसे निजी सम्पत्ति लिखा था ।
           अब प्रशासनने रुचि लेकर मन्दिरतक पहुंच मार्ग बनाया है । वहांकी जनताने भी सहयोग देते हुए अपने घरोंको १०-१५ फुट खोदकर मार्ग देनेमें सहायता की है । किसीभी निवासको बलपूर्वक गिराना नहीं पडा । प्रशासनसे सभीको समझाया तथा सभीने स्वेच्छासे अतिक्रमण हटा लिए ।
‘तहसीलदार’ दौजीराम अहिरवारने मन्दिर परिसरमें बैठक ली थी । अनेक लोगोंने स्वेच्छासे अपनी सहमति लिखितमें प्रशासनको दे दी थी ।
        उदयपुरकी जनता तथा प्रशासनिक अधिकारियोंका यह कार्य प्रशंसनीय है । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ

 

स्रोत : ऑप इंडिया



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