अनुराग-तापसीको ‘किसान आन्दोलन’का दण्ड शिवसेनाने लिखकर किया बचाव
०८ मार्च, २०२१
कर चोरी प्रकरणमें आयकर विभागकी कार्यवाहीका सामना कर रहे निर्देशक अनुराग कश्यप और अभिनेत्री तापसी पन्नूके समर्थनमें बोलते हुए शिवसेनाके मुखपत्र सामनाने एक सम्पादकीय प्रकाशित किया । इस सम्पादकीयमें कहा गया कि उनके विरुद्ध कार्यवाही इसलिए की जा रही है; क्योंकि उन लोगोंने ‘किसानों’के विरोध प्रदर्शनका समर्थन किया है ।
‘सामना’के सम्पादकीयमें लिखा गया, “तापसी पन्नू और अनुराग कश्यप खुलकर अपने विचार व्यक्त करते रहते हैं । प्रश्न इसलिए उत्पन्न होता है कि हिन्दी सिनेमा जगतका व्यवहार और कार्य स्वच्छ और पारदर्शी है, अपवाद केवल तापसी और अनुराग कश्यपका है । सिनेमा जगतके अनेक व्यक्तियोंने किसान आन्दोलनके सन्दर्भमें विचित्र भूमिका अपनाई । उन्होंने किसानोंको समर्थन तो नहीं दिया, उल्टे सम्पूर्ण विश्वसे जो लोग किसानोंको समर्थन दे रहे थे, उनके विषयमें इन्होंने कहा कि यह हमारे देशमें हस्तक्षेप है; परन्तु तापसी और अनुराग कश्यप जैसे गिने-चुने लोग किसान आन्दोलनके पक्षमें खडे रहे । उन्हें इसका मूल्य चुकाना पड रहा है ।”
मुखपत्रमें कहा गया, “दीपिका पादुकोणने जेएनयूमें जाकर वहांके विद्यार्थियोंसे भेंट की, तब उनके विषयमें भी आन्दोलन और बहिष्कार किया गया । दीपिकाकी ‘फिल्म’को नियोजित प्रकारसे असफल करनेका प्रयास हुआ ही । ‘सोशल मीडिया’पर उनके विरुद्ध विरोध किया गया ।
जांचमें जुटे अधिकारियोंको अनेक साक्ष्य इनके विरुद्ध हाथ लगे हैं । कुल ६५० करोडकी कर चोरीका प्रकरण उजागर हुआ है । तापसी व उनकी कम्पनीपर पूरे २५ करोडकी कर चोरीका सन्देह है । वह ५ करोड रुपयोंको लेकर अधिकारियोंके प्रश्नोंके उत्तर भी नहीं दे पाईं ।
पहले यह ३०० से ५०० करोडकी कर चोरीका था ; क्योंकि तबतक प्रकरण अनुराग कश्यप और तापसी पन्नूतक सीमित था; परन्तु जांचका क्षेत्र जैसे ही ‘फैंटम फिल्म्स’ और प्रोडक्शन ‘कंपनियों’के ‘शेयर होल्डरों’तक पहुंचा, यह आंकडा लगभग ६५० करोड तकका पहुंच गया है ।
मुम्बई सिनेमा जगतके कुछ लोग देशके विरुद्ध हो रहे आन्दोलनोंका समर्थन करते हैं व उनके षड्यन्त्रमें सहायता करते हैं । इसके अतिरिक्त देशमें आयकरकी चोरी करते हैं । ऐसे देशद्रोही लोगोंको केन्द्र शासनद्वाराकठोर दण्ड दिया जाना चाहिए । – सम्पादक, वैदिक उपाासना पीठ
स्रोत : ऑप इंडिया
Leave a Reply