करेलेका शाक (सब्जी) बनाया जा सकता है । कई लोग करेलेको अत्यधिक तलकर शाक बनाते हैं, ताकि इसका कडवापन नष्ट हो जाए; परन्तु स्मरण रखें कि कडवापन नष्ट होनेसे हम शाकके समस्त गुणोंको नष्ट…
करेला (वानस्पतिक नाम – मिमोर्डिका करन्शिया; अंग्रेजी नाम – BITTER GOURD; संस्कृत नाम – कारवेल्लम्, कटफला, उग्रकाण्ड) एक ऐसा शाक (सब्जी) हैं, जिसे कुछ ही लोग ही खाना पसन्द करते हैं; परन्तु करेलेमें जितने गुण हैं, वो सम्भवतः…..
लौकीका रस बनानेके पश्चात और पहले उसे एकबार चखकर अवश्य देखें । यदि रस तिक्त (कडवा) हुआ तो उसका सेवन न करें; क्योंकि यह कई रोग उत्पन्न कर सकता है । इसप्रकारका लौकीका रस गर्भवती महिलाओंके लिए भी विषकारी…..
नियमित एक गिलास लौकीका रस पीनेसे उच्च रक्तचापकी समस्यामें लाभ होता हैं । उच्च रक्तचापका विभिन्न प्रकारकी हृदय सम्बन्धी समस्याओंसे सीधा सम्बन्ध है । लौकीका रस…..
लौकीका रायता अतिसार होनेपर लाभप्रद होता है । लौकीको कद्दूकससे कसकर थोडा जल डालकर उबाल लें, तदोपरान्त दहीको अच्छेसे फेटकर उसमें उबली हुई लौकीको हल्कासा निचोडकर मिला दें । इसके पश्चात इसमें सेंधा नमक…..
गर्भावस्थाके समय लौकीके रस या शाकका प्रयोग करना लाभप्रद सिद्ध हो सकता है । लौकीका रस गर्भाशय सम्बन्धी विकारोंको दूर करनेमें सहायक है; इसलिए जिन महिलाओंको बार-बार गर्भपात हो जाता है, उन्हें कुछ दिवस लौकीका रस या ……..
तिल अथवा नारियलका तेल २५० ग्राम लें । सवा किलोग्राम लौकी (दूधी) लेकर उसको छोटे-छोटे टुकडोंमें काटकर पीसें और पतले वस्त्रसे छानकर उसका रस निकाल लें । तेलको एक पात्रमें धीमी आंचपर उबालें……
लौकी (हिन्दी – घीया, दूधी, संस्कृत – कुम्माण्डः, अंग्रेजी – Bottle Gourd, Pumpkin) केवल एक शाक ही नहीं, वरन कई रोगोंको दूर भगानेवाली औषधि है । लौकीमें लगभग ९६% मात्रा जलकी होती है और इसमें रेशे भी प्रचुर मात्रामें पाए जा …….
इसके अतिरिक्त प्याज कई अन्य सामान्य शारीरिक समस्याओं जैसे – मोतियाबिंद, सिरमें वेदना, सांपके काटनेपर भी प्रयोग किया जाता है । प्याजका पेस्ट लगानेसे फटी एडियोंमें लाभ मिलता है…..
जूं और केशके झडनेसे छुटकारा पानेके लिए ।या ‘स्कैल्प’पर प्याजके रसका प्रयोग करें । यह केशके लिए अति उत्तम है । प्याजके रसको केशमें लगाएं और उंगलियोंसे मालिश करें, तदोपरान्त थोडे समयमें अपने केशको अच्छी……