हिन्दू राष्ट्र

समाजको दिशाहीन करनेवाले धर्मगुरु !


आज गुरुपदपर विराजमान कुछ कथावाचकों एवं तथाकथित सन्तोंके भक्तोंकेद्वारा शंका समाधान सुनकर एक बात तो समझमें आती है कि इन्हें सूक्ष्मका अंशमात्र भी ज्ञान नहीं है ! एक ऐसे ही मार्गदर्शकने अपने भक्तोंको बताया कि पूर्वकालमें हिन्दू पितृपक्षके….

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आगामी सात्त्विक कालमें जन्मलेने दैवी बालककी विशेषता


इस माह १ सितम्बरको ऑस्ट्रियामें हुए सत्संगमें आये हुए एक हिन्दुत्वनिष्ठकी नतनीको देखा तो ज्ञात हुआ कि वह  (बेटीकी बेटी) दैवी बालक-बालिकाओंकी श्रेणीमें है । चार वर्षकी वह बच्ची उच्च स्वर्गलोक……

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आपात स्थिति आनेपर ईश्वर सहायता करें इस हेतु भक्त बनें !


कुछ व्यक्तिसे जब पूछते हैं कि आपको उपासनाके कार्यक्रमकी सूचना दी गई थी तो भी आप सेवा हेतु नहीं आए तो वे बताते हैं कि वे फलां-फलां समाजसेवामें व्यस्त थे ! एक बातका सभी साधक ध्यान रखें कि आनेवाले अगले चार-पांच वर्ष सभीके लिए बहुत भारी होंगे……

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आगामी आपातकाल हेतु महत्त्वपूर्ण सूचनाएं


जैसे-जैसे हम आपातकालकी और बढेंगे, प्राकृतिक आपदाओंकी तीव्रता बढती जाएंगी; अतः अभीसे उसकी पूर्वसिद्धता करना अति आवश्यक है । कृपया इस सूचनाओंको संग्रहित कर रखें, उसे आचरणमें लानेका प्रयास करें …….

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आगामी आपातकाल हेतु महत्त्वपूर्ण सूचनाएं (भाग – १)


आगामी कालमें सर्वत्र प्राकृतिक आपदाओंका प्रकोप होगा, यह बात अनके सन्त पिछले अनेक वर्षोंसे समाजको बता रहे हैं; किन्तु मैकाले शिक्षित हिन्दुओंको सन्तोंको इन बातोंपर विश्वास नहीं होता ! पिछले दो माहमें भारतके ६० % भागमें बाढने…..

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प्रकृतिके संकेत समझकर, उसके साथ खिलवाड करनेकी प्रवृत्ति छोड, साधनारत हों !


जब हमारे श्रीगुरु एवं अन्य सन्तवृन्द आनेवाले आपातकालके विषयमें बताते थे तो कुछ निधर्मी एवं तथाकथित बुद्धिजीवी उपहास करते हुए कहते थे यह सब व्यर्थकी बातें हैं | पिछले कुछ दिनोंसे सम्पूर्ण भारतमें भिन्न राज्यों व जनपदोंके जल-प्रलयकी विनाश लीला आजकलके मुख्य समाचार होते हैं ! यह तो मात्र आरम्भिक चरण है यदि समाज शीघ्र […]

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पदका दुरुपयोग करने वाले बदरीनाथ धाम के पुजारी !


जून २०१७ में मैं बदरीनाथ धाम गई थी । संध्या समयकी आरतीमें उपस्थित रहने हेतु हम सभीने (हम चार लोग थे) ३५० रुपए शुल्क देकर टिकिट ली और आरती देखने गर्भगृहमें पहुंचे । किन्तु मैंने देखा कि वहां इतनी भीड थी कि खडे रहनेका भी स्थान नहीं था …..

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निधर्मी लोकतंत्रमे हिन्दू अपने मुख्य तीर्थ अमरनाथमें निर्भीक होकर नहीं जा सकता !


सात दशक पश्चात् भी हिन्दू बहुल देशमें हिन्दू अपने मुख्य तीर्थ अमरनाथमें निर्भीक होकर नहीं जा सकता है ! ऐसे निधर्मी लोकतंत्रका शीघ्र नाश हो एवं हिन्दू राष्ट्रकी स्थापना शीघ्र हो ऐसा महाकालके चरणोंमें प्रार्थना करती हूं !

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धर्मद्रोहियों, राष्ट्रद्रोहियों और समाजकंटकोंसे मुक्त होनेके लिए ईश्वरीय हस्तक्षेपक आवश्यक !


क्या आपको लगता है कि बिना ईश्वरीय हस्तक्षेपके यह देश धर्मद्रोहियों, राष्ट्रद्रोहियों और समाजकंटकोंसे मुक्त हो सकता है; अतः ऐसी लोगोंसे दुखी हैं वे साधना करें, भक्तकी पुकार सुनकर ईश्वर अवश्य ही हम सबका उद्धार करेंगे ! 

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भगवानके द्वारमें चोरी करना है अक्षम्य पाप !


कुछ समय पहले मध्य प्रदेशके एक सुप्रसिद्ध मंदिरमें गई थी तो मैंने देखा कि वहां स्टीलके लोटे, थाली और अन्य पूजन पात्र रखे हुए थे | मुझे रुद्राभिषेक करना था, मैंने वहांके पुरोहितसे पहले ही समय ले रखा था और वहां मैं प्रथम बार ही गई थी ! मैंने पुरोहितजीसे कहा, ये सब तो लोहेके […]

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